डीडीसी चेयरमैन डॉ. अनिल गोयल ने किया संजय झील का निरीक्षण

पूर्वी दिल्ली की प्रसिद्ध संजय झील में पिछले कई दिनों से पानी का स्तर लगातार कम होने की शिकायतें सामने आ रही थीं। स्थानीय निवासियों और पर्यावरण प्रेमियों द्वारा लगातार उठाई जा रही चिंताओं के बाद आज डीडीसी के चेयरमैन एवं विधायक डॉ. अनिल गोयल ने स्थानीय विधायक रवि नेगी तथा संबंधित विभागों के अधिकारियों के साथ झील का औपचारिक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने झील के विभिन्न हिस्सों का जायजा लिया और पानी के कम होने के कारणों पर चर्चा की। स्थानीय लोगों का कहना है कि झील में लगातार जलस्तर घटने से न केवल इसकी सुंदरता प्रभावित हो रही है, बल्कि यहां आने वाले प्रवासी पक्षियों और जलीय जीवों पर भी असर पड़ रहा है। सुबह-शाम टहलने आने वाले नागरिकों ने भी झील के संरक्षण को लेकर चिंता जताई। डॉ. अनिल गोयल ने निरीक्षण के दौरान कहा कि संजय झील पूर्वी दिल्ली की एक महत्वपूर्ण प्राकृतिक धरोहर है और इसके संरक्षण में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जलस्तर कम होने के वास्तविक कारणों की तत्काल जांच की जाए और जल्द से जल्द समाधान सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि यदि कहीं से पानी की सप्लाई बाधित हो रही है या किसी तकनीकी समस्या के कारण जलस्तर प्रभावित हुआ है, तो उसे प्राथमिकता के आधार पर ठीक किया जाए। स्थानीय विधायक रवि नेगी ,रविकांत जी ने भी कहा कि क्षेत्र के लोगों की भावनाएं संजय झील से जुड़ी हुई हैं। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि झील की नियमित सफाई, जल संरक्षण और सौंदर्यीकरण के कार्यों को तेज किया जाए ताकि लोगों को बेहतर वातावरण मिल सके। उन्होंने यह भी आश्वासन दिया कि झील के विकास और रखरखाव के लिए आवश्यक सभी कदम उठाए जाएंगे। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने बताया कि झील में पानी की आपूर्ति और निकासी व्यवस्था की तकनीकी जांच की जा रही है। साथ ही यह भी देखा जा रहा है कि कहीं अत्यधिक गर्मी और बढ़ते तापमान के कारण पानी का स्तर तेजी से तो नहीं घटा।
स्थानीय नागरिकों ने जनप्रतिनिधियों के इस निरीक्षण का स्वागत किया और उम्मीद जताई कि जल्द ही झील का जलस्तर सामान्य होगा। लोगों का कहना है कि संजय झील केवल मनोरंजन का केंद्र नहीं, बल्कि पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। ऐसे में इसका संरक्षण बेहद जरूरी है निरीक्षण के अंत में डॉ. अनिल गोयल ने भरोसा दिलाया कि संजय झील की स्थिति में सुधार के लिए आवश्यक कदम तेजी से उठाए जाएंगे और क्षेत्रवासियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होने दी जाएगी।