दशलक्षण महापर्व की दस दिवसीय तपस्या पूर्ण होने पर दिशा जैन का सम्मान

पारणा उत्सव में निगम पार्षद मनोज कुमार जैन ने की तपस्या की अनुमोदना, कहा—संयम और साधना समाज को देती है नई दिशा

नई दिल्ली। दशलक्षण महापर्व के पावन अवसर पर दस दिवसीय व्रत-तपस्या पूर्ण करने वाली श्रीमती दिशा जैन के सम्मान में आयोजित पारणा उत्सव एवं स्वागत समारोह में निगम पार्षद मनोज कुमार जैन ने शामिल होकर उनकी तपस्या की अनुमोदना की। उन्होंने दिशा जैन को सम्मानित करते हुए उनके संयम, त्याग और धार्मिक साधना के लिए मंगलकामनाएं प्रेषित कीं।

दिशा जैन, अखिल भारतीय दिगंबर जैन परिषद, दिल्ली प्रदेश के अध्यक्ष भाई सुनील जैन की पुत्रवधू तथा चैतन्य जैन की धर्मपत्नी हैं। दशलक्षण महापर्व के दौरान उन्होंने लगातार दस दिनों तक व्रत-तपस्या का संकल्प लेकर उसे पूर्ण किया। तपस्या की पूर्णाहुति के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में जैन समाज के लोगों ने धार्मिक परंपराओं के अनुरूप उनका स्वागत किया और तपस्या की अनुमोदना की।

इस अवसर पर निगम पार्षद मनोज कुमार जैन ने कहा कि दशलक्षण महापर्व केवल धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि आत्मसंयम, त्याग, क्षमा, सत्य, अहिंसा और आत्मशुद्धि का संदेश देने वाला पर्व है। दस दिनों तक तपस्या का संकल्प लेकर उसे पूर्ण करना साधक के दृढ़ संकल्प और आध्यात्मिक अनुशासन को दर्शाता है। उन्होंने कहा कि दिशा जैन की तपस्या समाज के लिए प्रेरणादायी है और युवा पीढ़ी को भी भारतीय संस्कृति एवं धार्मिक मूल्यों से जोड़ने का माध्यम बन सकती है।

मनोज कुमार जैन ने कहा कि जैन धर्म की तप, त्याग और अहिंसा की परंपरा सदियों से समाज को मानवता, करुणा और आत्मसंयम का संदेश देती रही है। आज के समय में जब जीवन में भागदौड़ और तनाव बढ़ रहा है, ऐसे धार्मिक आयोजन व्यक्ति को आत्मचिंतन और सकारात्मक जीवन की प्रेरणा देते हैं।

समारोह में उपस्थित समाज के गणमान्य लोगों ने भी दिशा जैन की दस दिवसीय तपस्या की सराहना करते हुए उनकी आध्यात्मिक यात्रा के लिए शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम में अखिल भारतीय दिगंबर जैन परिषद, दिल्ली प्रदेश के अध्यक्ष भाई सुनील जैन, दिल्ली जैन समाज के कार्याध्यक्ष प्रमोद जैन, प्रवीण जैन सहित जैन समाज के अनेक प्रतिष्ठित सदस्य उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का वातावरण धार्मिक एवं आध्यात्मिक भावनाओं से ओतप्रोत रहा। पारणा के अवसर पर समाज के लोगों ने दिशा जैन की तपस्या की अनुमोदना करते हुए उनके स्वस्थ, सुखी और मंगलमय जीवन की कामना की।