छात्र आंदोलन पर राजनीति कर रहे हैं अरविंद केजरीवाल, सरकार-छात्र वार्ता से उनके मंसूबों पर फिरा पानी: हर्ष मल्होत्रा
नई दिल्ली, 24 जुलाई। दिल्ली भाजपा अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा ने आरोप लगाया कि अरविंद केजरीवाल छात्र आंदोलन को लंबा खींचकर अपनी राजनीतिक जमीन दोबारा तैयार करना चाहते थे, लेकिन सरकार और छात्रों के बीच बातचीत शुरू होने तथा समझौते की संभावना बनने से उनके मंसूबों पर पानी फिर गया है। उन्होंने कहा कि अब आम आदमी पार्टी के नेता छात्रों को भड़काने के लिए खुलकर बयानबाजी कर रहे हैं।
हर्ष मल्होत्रा ने कहा कि सीजेपी आंदोलन से जुड़े सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक द्वारा अनशन समाप्त करने और केंद्र सरकार व छात्र प्रतिनिधियों के बीच वार्ता शुरू होने के बाद आम आदमी पार्टी की बौखलाहट सामने आ गई है। उनका आरोप है कि इस आंदोलन के जरिए अरविंद केजरीवाल और उनकी टीम दिल्ली व पंजाब में राजनीतिक वापसी की उम्मीद लगाए हुए थी।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली केंद्र सरकार पेपर लीक जैसी समस्याओं के प्रति पूरी तरह संवेदनशील है और इसी कारण सख्त कानून बनाने की पहल की गई है। वहीं पंजाब में फार्मासिस्ट भर्ती परीक्षा के पेपर लीक मामले पर अरविंद केजरीवाल की चुप्पी उनके दोहरे रवैये को दर्शाती है।
हर्ष मल्होत्रा ने आरोप लगाया कि अरविंद केजरीवाल, संजय सिंह, सौरभ भारद्वाज और गोपाल राय छात्र आंदोलन को लेकर तथ्यहीन बयान दे रहे हैं तथा पेपर लीक के खिलाफ सख्त कानून और फास्ट ट्रैक कोर्ट में सुनवाई के प्रस्ताव का विरोध कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि यह स्पष्ट है कि सरकार और छात्रों के बीच बातचीत आगे बढ़ने से आम आदमी पार्टी की राजनीतिक रणनीति को झटका लगा है, इसलिए उसके नेता अब आंदोलन को भड़काने का प्रयास कर रहे हैं।
