जनता के पैसे से खरीदी गईं इलेक्ट्रिक कारें सिविक सेंटर की पार्किंग में खड़ी, सवालों के घेरे में MCD प्रशासन

नई दिल्ली। दिल्ली नगर निगम (MCD) के सिविक सेंटर परिसर में खड़ी इलेक्ट्रिक कारों को लेकर एक बार फिर सवाल उठने लगे हैं। आरोप है कि जनता के टैक्स के पैसे से खरीदी गईं ये वाहन नियमित उपयोग के बजाय लंबे समय से पार्किंग में खड़ी धूल फांक रही हैं।

इस मुद्दे को उठाते हुए आम आदमी पार्टी के नेता प्रवीण कुमार ने कहा कि एक ओर पेट्रोल और डीज़ल की खपत कम करने तथा पर्यावरण संरक्षण के बड़े-बड़े दावे किए जाते हैं, वहीं दूसरी ओर इलेक्ट्रिक वाहनों का समुचित उपयोग नहीं हो रहा है। उनका आरोप है कि भाजपा शासित निगम में करोड़ों रुपये खर्च कर खरीदी गईं गाड़ियां जनता की सेवा में लगाने के बजाय पार्किंग में खड़ी रखी गई हैं।

प्रवीण कुमार ने सवाल किया कि यदि इन वाहनों का इस्तेमाल नहीं होना था तो इन्हें खरीदने की आवश्यकता क्या थी? उन्होंने कहा कि निगम प्रशासन को स्पष्ट करना चाहिए कि इन इलेक्ट्रिक कारों का उपयोग किस उद्देश्य से किया जा रहा है और वर्तमान में ये निष्क्रिय क्यों पड़ी हैं।

वहीं विपक्ष का कहना है कि पर्यावरण संरक्षण और ई-वाहनों को बढ़ावा देने की बात करने वाली भाजपा को पहले यह बताना चाहिए कि निगम की संपत्तियों का प्रभावी उपयोग क्यों नहीं हो रहा। उन्होंने मांग की कि इलेक्ट्रिक वाहनों की खरीद, उपयोग और रखरखाव से जुड़ी पूरी जानकारी सार्वजनिक की जाए।

फिलहाल MCD प्रशासन की ओर से इस मामले पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन सिविक सेंटर की पार्किंग में खड़ी इन इलेक्ट्रिक कारों ने निगम की कार्यप्रणाली पर नए सवाल खड़े कर दिए हैं।