करोल बाग थाना पुलिस को बड़ी सफलता, दो शातिर सेंधमार गिरफ्तार; तीन चोरी के मामलों का खुलासा

नई दिल्ली। मध्य जिला पुलिस ने फरार अपराधियों और आदतन चोरों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत बड़ी सफलता हासिल करते हुए दो शातिर सेंधमारों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में एक घोषित अपराधी (Proclaimed Offender) और एक गैर-जमानती वारंट (NBW) का आरोपी शामिल है। दोनों की गिरफ्तारी से चोरी और सेंधमारी के तीन मामलों का खुलासा हुआ है।

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मोहित (34) और शेख महताब (35) के रूप में हुई है। दोनों मूल रूप से बिहार के कटिहार जिले के रहने वाले हैं और लंबे समय से दिल्ली में चोरी की वारदातों में सक्रिय थे।

पुलिस ने बताया कि मोहित वर्ष 2015 में करोल बाग क्षेत्र की एक मोबाइल दुकान से 10 मोबाइल फोन चोरी करने के मामले में वांछित था। गिरफ्तारी के बाद वह अदालत में चल रही सुनवाई के दौरान फरार हो गया था, जिसके बाद उसे दिसंबर 2025 में घोषित अपराधी घोषित कर दिया गया था।

वहीं शेख महताब करोल बाग इलाके में हुई दो अलग-अलग चोरी की घटनाओं में वांछित था। उस पर बंद मकानों को निशाना बनाकर जेवरात चोरी करने के आरोप हैं। अदालत से गैर-जमानती वारंट जारी होने के बावजूद वह लगातार फरार चल रहा था।

गुप्त सूचना पर बिछाया जाल

20 जून को करोल बाग थाने की टीम को सूचना मिली कि दोनों आरोपी बापा नगर इलाके में मौजूद हैं। सूचना मिलते ही एएसआई संजीव, हेड कांस्टेबल मक्खन, हेड कांस्टेबल राजा राम, कांस्टेबल कमलजीत और कांस्टेबल खुशाल की टीम ने तकनीकी निगरानी और स्थानीय खुफिया तंत्र की मदद से इलाके में जाल बिछाया।

काफी समय तक निगरानी करने के बाद पुलिस ने समन्वित छापेमारी कर दोनों आरोपियों को दबोच लिया। पूरी कार्रवाई एसीपी करोल बाग की निगरानी में संपन्न हुई।

पूछताछ में उगले कई राज

पुलिस पूछताछ में दोनों आरोपियों ने चोरी और सेंधमारी की वारदातों में अपनी संलिप्तता स्वीकार की। मोहित ने खुलासा किया कि वह अदालत की कार्रवाई से बचने के लिए लगातार ठिकाने बदल रहा था। जांच में यह भी सामने आया कि वह राजेंद्र नगर थाने के एक अन्य चोरी के मामले में भी घोषित अपराधी है।

शेख महताब ने बताया कि वह रात के समय बंद पड़े मकानों की रेकी कर उन्हें निशाना बनाता था और वहां से नकदी व जेवरात चोरी करता था।

कई मामलों में शामिल रहे आरोपी

पुलिस रिकॉर्ड के अनुसार मोहित कम से कम सात चोरी के मामलों में शामिल रहा है, जिनमें अधिकांश रात के समय घरों में सेंधमारी से जुड़े हैं। वहीं शेख महताब के अन्य आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है।

मध्य जिला पुलिस का कहना है कि दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी से लंबित चोरी के मामलों के निस्तारण में मदद मिलेगी तथा दिल्ली में सक्रिय सेंधमार गिरोहों पर भी प्रभावी अंकुश लगाया जा सकेगा।