दिल्ली की बिजली व्यवस्था होगी और मजबूत, डिस्कॉम की जवाबदेही से लेकर सोलर नीति तक की समीक्षा
ऊर्जा मंत्री आशीष सूद ने वरिष्ठ अधिकारियों के साथ की उच्च स्तरीय बैठक, BESS और चांदनी चौक MUD परियोजना को तेज करने के निर्देश
नई दिल्ली। दिल्ली के ऊर्जा मंत्री आशीष सूद ने गुरुवार को ऊर्जा विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ उच्च स्तरीय समीक्षा बैठक कर राजधानी की बिजली व्यवस्था को अधिक प्रभावी, पारदर्शी और भविष्य की जरूरतों के अनुरूप बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण निर्णयों पर चर्चा की। बैठक में अतिरिक्त मुख्य सचिव (ऊर्जा), विशेष सचिव (ऊर्जा) तथा विभाग के अन्य वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।
बैठक का मुख्य उद्देश्य दिल्ली में बिजली आपूर्ति व्यवस्था को और मजबूत बनाना, सुशासन सुनिश्चित करना तथा स्वच्छ एवं नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं को गति देना रहा।
बैठक में बिजली वितरण कंपनियों (डिस्कॉम) की जवाबदेही और उनके प्रदर्शन मानकों की समीक्षा की गई। अधिकारियों को ऑडिट तंत्र को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा उपभोक्ताओं को गुणवत्तापूर्ण एवं पारदर्शी सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कदम उठाने के निर्देश दिए गए।
दिल्ली सोलर नीति के प्रभावी क्रियान्वयन पर भी विशेष जोर दिया गया। सरकारी भवनों और आवासीय क्षेत्रों में रूफटॉप सोलर परियोजनाओं को तेजी से लागू करने की रणनीति पर चर्चा हुई, ताकि राजधानी स्वच्छ एवं नवीकरणीय ऊर्जा के लक्ष्यों की दिशा में तेजी से आगे बढ़ सके।
बैठक में चांदनी चौक में चल रही मल्टी-यूटिलिटी डक्ट (MUD) परियोजना की प्रगति की भी समीक्षा की गई। इस परियोजना के तहत ओवरहेड बिजली तारों को हटाकर आधुनिक विद्युत अवसंरचना विकसित की जा रही है, जिससे क्षेत्र का आधुनिकीकरण होगा और व्यापारिक गतिविधियां भी प्रभावित नहीं होंगी।
इसके अलावा ग्रिड की स्थिरता बनाए रखने, पीक डिमांड का बेहतर प्रबंधन करने तथा स्थानीय स्तर पर निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करने के लिए बड़े पैमाने पर बैटरी ऊर्जा भंडारण प्रणाली (BESS) स्थापित करने की रणनीति पर भी विस्तार से विचार-विमर्श किया गया।
ऊर्जा मंत्री ने अधिकारियों से कहा कि दिल्ली को स्वच्छ, आधुनिक और विश्वसनीय ऊर्जा प्रणाली उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है और सभी परियोजनाओं को तय समयसीमा में गुणवत्ता के साथ पूरा किया जाए।
