सादतपुर में नीता बिष्ट का एक्शन मोड, मच्छरों पर चला निगम का फॉगिंग अभियान

वार्ड 247 के सी-ब्लॉक में मच्छररोधी दवा का छिड़काव, पार्षद ने सफाई व्यवस्था का लिया जायजा; अधिकारियों को दिए कड़े निर्देश

नई दिल्ली। सादतपुर वार्ड-247 में मच्छरों और गंदगी की समस्या को लेकर निगम स्तर पर कार्रवाई तेज हो गई है। क्षेत्र की पार्षद नीता बिष्ट ने गुरुवार को सी-ब्लॉक का दौरा कर मच्छररोधी दवा की फॉगिंग करवाई और मौके पर साफ-सफाई व्यवस्था का विस्तृत निरीक्षण किया।

नीता बिष्ट ने क्षेत्र में घूमकर स्वच्छता व्यवस्था की स्थिति देखी और संबंधित निगम अधिकारियों से मौके पर ही जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि क्षेत्र में नियमित साफ-सफाई के साथ-साथ मच्छररोधी दवा का छिड़काव और फॉगिंग लगातार कराई जाए, ताकि मच्छरों के प्रजनन पर प्रभावी तरीके से रोक लगाई जा सके।

गंदगी और जलभराव वाले स्थानों पर विशेष नजर

पार्षद ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सी-ब्लॉक सहित वार्ड के अन्य इलाकों में भी ऐसे स्थानों की नियमित निगरानी की जाए, जहां गंदगी, कूड़ा या जलभराव के कारण मच्छरों के पनपने की आशंका रहती है। उन्होंने सफाई कर्मचारियों और संबंधित विभागों को आपसी समन्वय के साथ काम करने पर जोर दिया।

नीता बिष्ट ने कहा कि क्षेत्रवासियों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराना निगम की प्राथमिकता है। सफाई व्यवस्था को केवल अभियान तक सीमित न रखते हुए इसे नियमित प्रक्रिया के रूप में संचालित किया जाना चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि सफाई व्यवस्था में लापरवाही मिलने पर तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई की जाए।

फॉगिंग के साथ सफाई व्यवस्था की भी निगरानी

सी-ब्लॉक में फॉगिंग के दौरान मच्छररोधी दवा का छिड़काव किया गया। इसके साथ ही पार्षद ने क्षेत्र की गलियों और आसपास की स्वच्छता व्यवस्था का निरीक्षण किया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि मच्छरों की रोकथाम के लिए फॉगिंग के साथ-साथ उनके प्रजनन स्थलों को खत्म करना भी जरूरी है।उन्होंने क्षेत्रीय समस्याओं पर स्थानीय लोगों की शिकायतों को गंभीरता से लेने और उनका समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। पार्षद ने कहा कि वार्ड में सफाई, स्वच्छता और मच्छररोधी अभियान को लगातार गति दी जाएगी, ताकि लोगों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।

नीता बिष्ट के इस निरीक्षण से साफ है कि वार्ड 247 में सफाई और मच्छररोधी व्यवस्था को लेकर निगम स्तर पर निगरानी और कार्रवाई दोनों को तेज किया जा रहा है।